बस्तर आर्ट की कलाकृतियां लुभा रही लोगों को, जाने इन कलाकृतियों की खास बात

3

छत्तीसगढ़ की वास्तविक पहचान यहां के आदिवासी, जनजाति और उनकी कला एवं संस्कृति है। जिसे धरोहर के रूप में संरक्षित व सुरक्षित रखते हुए सरकार उसे लोगों के बीच प्रचारित करती है। वहीं बस्तर आर्ट को लोगों तक पहुंचाने का कार्य हस्तशिल्प विकास बोर्ड ग्रामोद्योग विभाग छत्तीसगढ़ कर रहा है।

बस्तर के ट्राइबल क्षेत्र के लोगों द्वारा बनाए जाने वाले कलाकृतियों को लोगों तक मोबाइल बस शबरी एम्पोरियल के माध्यम से पहुंचाती है। इन दिनों हस्तशिल्प विकास बोर्ड ग्रामोद्योग विभाग छत्तीसगढ़ की बस्तर आर्ट को प्रचारित करने वाली मोबाइल बस शबरी एम्पोरियल बिलासपुर शहर पहुंची है। यह बस राजेन्द्र नगर चैक रायपुर मार्ग पर खड़ी है। जहां से लोग अपने पसंद की कलाकृतियां खरीदने पहुंच रहे है।

बस्तर आर्ट की मोबाइल बस शबरी एम्पोरियल

देश भर करते है प्रचारित

बस्तर आर्ट की मोबाइल बस शबरी एम्पोरियल दो सदस्यी टीम सेल्समेन किशुन मिंज व बस ड्राइवर अजहर खान के साथ शहर पहुंची है। सेल्समेन किशुन मिंज ने बताया कि इस मोबाइल बस के माध्यम से प्रदेश के वन क्षेत्र में रहने वाले कलाकारों के द्वारा बनाए गए कलाकृतियों का सही दाम उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लोगों तक पहुंचा रहे है। यह प्रदर्शनी भी है और यहां से लोग अपने पसंद की कलाकृतियां खरीद भी सकते है। इसमें ज्यादातर बेल मेटल, वूडन की कलाकृतियां है जो छत्तीसगढ़ के संस्कृति व सभ्यता को दर्शाती है।

कोरोना के कारण साल भर बाद आई है शहर में

कोरोना के चलते बहुत समय बाद यह बस्तर आर्ट की मोबाइल बस शहर आई है। इसमें उपलब्ध कलाकृतियां लोगों को लुभा रही है। बेल मेटल की सुंदर कलाकृतियों को देखकर लोग इसकी खरीदारी कर रहे है।

ट्राइबल कलाकृतियां लुभा रही

बेल मेटल की कलाकृतियों में ट्राइबलस की कई तरह की कलाकृतियां है। जो लोगों को सबसे ज्यादा पसंद आती है। इसके अलावा बेलमेटल में भगवान गणेश, नंदी, हाथी, घोड़ा, कछुआ, मछली, म्यूजिशियन, मयूर नाव पर सवार लोग, गाय व बछड़ा, लैम्प सेट, फ्रेम, जेटकू-मेटकू, बुद्ध, डोर हैण्डल, पेन स्टैण्ड, टावेल हैंगर सहित कई तरह की सुंदर-सुंदर कलाकृतियां है। इसके अलावावूडन में गणेश जी व ट्राइबल है।

अलग-अलग जगह जाती है यह बस

बस्तर आर्ट की शबरी एम्पोरियल मोबाइल बस का उद्देश्य ही है लोगों तक पहुंचना व प्रदेश की संस्कृति व सभ्यता से जुड़े इन कलाकृतियों के माध्यम से लोक संस्कृति व सभ्यता को बताना। इसलिए प्रदेश के अलग-अलग शहरों में जाकर इसकी बिक्री करते है।

बस्तर के कलाकार बनाते है इन्हेइस मोबाइल बस में उपलब्ध प्रत्येक कलाकृति को बस्तर में रहने वाले कलाकार ही बनाते है। सुंदर कलाकृतियां बहुत ही मेहनत से कलाकार बनाते है। उनको सही दाम सरकार दिलाती है।