सही खान-पान और स्वस्थ दिमाग की ताकत से जीती जा सकती है कोरोना से जंग: डॉ. लहरी

Corrupt food and healthy brain power can be won by Corona: Dr. Lahiri
सही खान-पान और स्वस्थ दिमाग की ताकत से जीती जा सकती है कोरोना से जंग: डॉ. लहरी

बिलासपुर.कोरोना वारियर्स से लेकर आम जन और स्वयं सेवी संस्थाएं भी कोरोना के खिलाफ लड़ाई डटकर खड़े हैं। इनकी इसी दृढ़ इच्छा शक्ति क कारण ही राज्य कोरोना से जंग जीत रहा है। पिछले एक सप्ताह से यह देखने को मिल रहा है कि राज्य के लगभग जिलों में रिकवरी रेट बढ़ रहा है।

राज्य मानसिक चिकित्सालय, सेंदरी के चिकित्सा मनोवैज्ञान डॉ. दिनेश कुमार लहरी का कहना है कि यदि सभी लोग कोविड नियमों का पालन करते हुए सही खान.पान करें और अपने दिमाग को स्वस्थ रखें तो निश्चित तौर पर कोरोना से जंग जीती जा सकती है।

डॉ लहरी ने बतायाः

लॉकडाउन के समय चारों तरफ कोरोना संक्रमण को लेकर ही बातचीत हो रही है। इसका असर लोगों के व्यवहार और मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ रहा है। मीडिया और आम लोगों के बीच कोरोना संक्रमण की खबरे और बीतचीत से लोग पैनिक हो रहे हैं।

उन्हें व उनके परिवार को घबराहट और बैचैनी से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इससे कामकाज और दिनचर्या मे भी असर पड रहा है। इसलिए सबसे जरूरी है कि लोग कोविड नियमों का कड़ाई के साथ पालन करें और खुद को जागरूक रखें, नाकारात्मक चीजों को देखने और सुनने से बचें।

इतना ही नहीं घर का वातावरण कुछ इस तरह का रखें कि वहां अच्छी बातें और लोग कोरोना संक्रमण पर अधिक ध्यान न दें। परिवार वालों से मिलकर रहें, सकारात्मक पहलू पर बातचीत करें घर से बिल्कुल न निकलें। सोशल मीडिया साइट्स के माध्यम से कोरोना महामारी की भ्रामक जानकारी कहीं से लेकर दूसरे लोगों को न भेजें।

कहीं बाहर जा रहे हैं तो मास्क लगाकर निकलें, समाजिक दुरी बनाये रखेंअपने हाथों को सेनेटाइजर से सेनेटाइज करते रहें। इसी समझदारी में आपका, आपके परिवार और समाज व देश का हित है। डॉक्टर लहरी का कहना है अगर कोई मानसिक परेशानी हो रही हो तो मोबाइल नम्बर 9179294600 पर कॉल करके मनोवैज्ञानिकों से परामर्श ले सकते हैं।

इसके लिए राज्य मानसिक चिकित्सालय के डॉक्टर हर समय ऑन कॉल मदद के लिए तैयार हैं। लोगों को अगर इस बीमारी से जीतना है तो घर पर रहें, घर से बाहर कहीं जाएं भी तो कोविड नियमों का कड़ाई से पालन करें। दिनचर्या मे बदलाव कामकाज नहीं मिल पाने से कुछ समस्या हो सकती है, लेकिन उससे मानसिक तनाव न लेकर सकारत्मक सोच को बनाये रखे कुछ दिन मे सब समान्य हो जायेगा।

सही समय का इन्तज़ार करें, अनुशासन बनाये रखें, आसपास लोगों को जागरूक करें, डरे नहीं कोरोना का उपचार कराएं और डॉक्टरों से उचित परामर्श लेकर ही किसी भी दवा का सेवन करें।

मनोवैज्ञानिक द्वारा सभी के लिए अनुशंसितः

-कोरोना वायरस के बारे में खबरों से खुद को अलग करें। (हमें जो कुछ भी जानने की जरूरत है, हम पहले से ही जानते हैं)।

-इंटरनेट पर कोरोना की अतिरिक्त जानकारी न खंगालो, यह मानसिक स्थिति को कमजोर करेगा।

-यदि संभव हो, तो सुखद मात्रा में घर पर संगीत सुनें। बच्चों के मनोरंजन के लिए इंडोर गेम खेलें, कहानियां और भविष्य की योजनाओं पर बातें करें।

-घर में सभी को अपने हाथ धोते रहने के लिए कहें साथ ही अलार्म लगाकर सही दिनचर्या व घर में अनुशासन बनाए रखने की कोशिश करें।

-आपका सकारात्मक मूड आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली की रक्षा करने में मदद करेगा, जबकि नकारात्मक विचारों को आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली को दबाने और वायरस के खिलाफ कमजोर बनाने के लिए दिखाया गया है।

– सबसे महत्वपूर्ण, दृढ़ता से विश्वास है कि यह भी गुजर जाएगा और हम सुरक्षित रहेंगे, सुरक्षित रहें, उत्साह के साथ आशावादी, ध्यान रखें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here